जीएसटी : करदाताओं के लिए क्षमादान योजना
नागपुर। वस्तु एवं सेवा कर परिषद् ने सभी करदाताओं के लिए क्षमादान योजना की घोषणा जून २०२१ में की थी। इसके तहत कर देय राशि के लिए रुपया एक हजार तथा शुन्य (निल) रिटर्न के लिए केवल रुपये पाँच सौ प्रति माह विलम्ब शुल्क तय किया गया है जिसकी अंतिम तिथि ३१ अगस्त २०२१ है। जिन करदाताओं ने अभी तक इस योजना का लाभ नहीं लिया है वे इस योजना का लाभ अवश्य ले।
आप राज्य वस्तु एवं सेवा कर विभाग के अपील प्राधिकरण जॉइंट कमिश्नर महाराष्ट्र वस्तु एवं सेवा कर विभाग अथवा केंद्रीय वस्तु एवं सेवा कर विभाग में आयुक्त (अपील) अथवा अपने राज्य के विक्री कर विभाग में अपनी अर्जी प्रस्तुत करे।
यह अर्जी ओन लाइन सबमिट करनी है !
कृपया जीएसटी वेब साइट (www.gst.gov.in) को भेट दे इसमें यूजर सर्विस(user service) में माय एप्लीकेशन (my application) में जाकर आवश्यक जानकारी भरे तथा कोई चार दस्तावेज अपलोड करे (पीडीऍफ़ ), जैसे अपना परिचय पत्र ( पैन कार्ड/ इलेक्शन कार्ड/ ड्राइविंग लाइसेंस) , पता (आधार कार्ड), १०० रुपए के स्टाम्प पेपर पर वचन नामा (अंडरटेकिंग) जिसमे करदाता अपने कर दायित्व को करने का वचन देगा, खरेदी विक्री का ब्यौरा (करदाता स्वयं अपना कर निर्धारित करे जब से उसका रजिस्ट्रेशन बंद हुआ है ) लेटर ऑफ़ अंडरटेकिंग फॉर्म जीएसटी पीसीटी - ०५ और चालान की प्रति (करदाता स्वयं अपना कर निर्धारित करे जब से उसका रजिस्ट्रेशन बंद हुआ है तथा उसका व्यवसाय का वस्तु एवं सेवा कर,ब्याज, विलम्ब शुल्क इत्यादि) बैंक में भुगतानऊपरवर्णित अर्जी के साथ लगाए !
करदाता कृपया ध्यान दे यह योजना केवल ३१ अगस्त २०२१ तक ही है उसके करे तथा पश्चात् उन्हें रुपए १००००/- प्रति माह का विलम्ब शुल्क देना होगा। करदाता कृपया ओन लाइन अप्लाई करे। करदाता कृपया इस योजना का लाभ उठाये यह कार्य स्वयं करे या किसी सलाहकार से करवाए यह अवसर बार बार नहीं मिलेगा। सुरक्षित रहे एवं राष्ट्र की सेवा करे।
