बेहतरीन मंच से बच्चों के कॉन्फिडेंस देखकर दूसरे बच्चे भी प्रेरणा लेते हैं : पारोमिता रॉय
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उभरते सितारे में 'मार्गदर्शन'
नागपुर। उभरते सितारे यह बच्चों का बेहतरीन मंच है। यहां आकर बच्चों का कॉन्फिडेंस बढ़ता है। इनको देखकर और दूसरे बच्चे भी प्रेरणा लेते हैं। यहां कला को, संगीत को जो प्रोत्साहन मिलता है, वह बहुत ही सराहनीय है। यह विचार पारोमिता राॅय ने बच्चों और उनके अभिभावकों के बीच रखा। इस अवसर पर अमेरिका से विशेष रूप से पधारे सचिन अंधार ने अपने विचार रखते हुए कहा कि, इंडिया अब काफी बदल गया है। यह देश तरक्की के मामले में काफी आगे बढ़ रहा है। आज आपको कहीं और जाने की आवश्यकता नहीं, इतने संसाधन अपने देश में ही उपलब्ध होते चले जा रहे हैं। बस आप अपना पैशन बनाए रखें। आप साइकाइट्रिक, इंजीनियर, सीए के अलावा एक शानदार कलाकार, कुछ भी बन सकते हैं।
विदर्भ हिंदी साहित्य सम्मेलन का नवोदित प्रतिभाओं को समर्पित उपक्रम 'उभरते सितारे' का आयोजन हिंदी मोर भवन के उत्कर्ष हॉल में किया गया। कार्यक्रम का विषय 'मार्गदर्शन' पर आधारित शिक्षाप्रद, ज्ञानवर्धक और संगीतमय प्रस्तुतियों से भरा रहा। कार्यक्रम में विशेष अतिथि के रूप में श्रेश्री द वॉयस अकादमी की निर्देशिका पारोमिता रॉय जी उपस्थित थीं। इनका सम्मान संयोजक युवराज चौधरी और सहसंयोजिका वैशाली मदारे ने स्वागत वस्त्र एवं स्मृति चिन्ह देकर किया।
तत्पश्चात, सभी बच्चों ने शानदार नृत्य और गीतों की प्रस्तुति दी। जिसमें, श्रेश्री द वॉयस अकैडमी से श्रीराही देशपांडे, सान्वि भंडारकर, वृनिका बेले, आयुषी शामकुले, पर्ल मसीह, अवनीश सेलुकर, प्रणम सहारे, स्वस्तिका सरकार, शिवन्या दत्ता, सावी संगोडे, रीत सभवानी, आराध्या बुढे, प्रिशा सिंह, रचित कवडकर, इंसिया अख़्तर, मानवी गुजराती, रुद्र कोलते के अलावा सुतिक्ष रामटेके, विधि कृपलानी, राम बागल आदि ने सुंदर गीतों की प्रस्तुति दी। पर्व डांस एकेडमी से सान्वि डाहाके, मृदुल, सुचिता डाहाके, सर्वश्री अळने ने नृत्य की प्रस्तुति दी।
बच्चों की प्रस्तुतियों को उनके अभिभावकों के साथ-साथ डॉ. पूजा अख़्तर, सचिन अंधार, माधवी समीर देशपांडे, कीर्ति भांदककर, कोमल भारत बेले, प्रीति मोनिष सहारे, ग्रेस रिचर्ड मसीह, नायरा सेलुकर, हीर सभवानी, स्नेहा बागडे, निकिता बागडे, रंजना माकोने, संगीता जवाहर तरार, हीर दीपक कृपलानी और प्रिती बागल आदि ने बहुत सराहा। कार्यक्रम का कुशल संचालन सह संयोजिका वैशाली मदारे ने किया। कार्यक्रम की सफलता के लिए प्रशांत शंभरकर ने सहयोग किया। तथा, उपस्थित सभी दर्शकों, कलाकारों और बच्चों का आभार संयोजक युवराज चौधरी ने व्यक्त किया।


